मोतिहारी। उप विकास आयुक्त डॉ. प्रदीप कुमार की अध्यक्षता में शनिवार देर शाम समाहरणालय स्थित डॉ. राधाकृष्णन सभागार में मनरेगा योजनाओं की समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में निदेशक एनईपी डॉ. कुंदन कुमार, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (मनरेगा) राजेश कुमार, सहायक अभियंता, कार्यक्रम पदाधिकारी, कनीय अभियंता एवं पंचायत तकनीकी सहायक उपस्थित रहे।
मानव दिवस सृजन में कई प्रखंडों का प्रदर्शन कमजोर
समीक्षा में बताया गया कि जिले में मानव दिवस सृजन की उपलब्धि 76.56 प्रतिशत रही, जबकि राज्य का औसत 155.29 प्रतिशत है। संग्रामपुर (42.23%), पहाड़पुर (48.02%), बनकटवा (51.17%), अरेराज (54.33%), मेहसी (56.34%), कोटवा (59.66%) और पताही (61.26%) का प्रदर्शन संतोषजनक नहीं पाया गया। सभी संबंधित कार्यक्रम पदाधिकारियों को कम से कम 75 प्रतिशत उपलब्धि हासिल करने का निर्देश दिया गया।
पीएम आवास अभिसरण में तेजी लाने का निर्देश
पीएम आवास योजना (ग्रामीण) अभिसरण की समीक्षा में पाया गया कि 20,320 योजनाओं में से केवल 3,339 योजनाओं में एमआर निर्गत हुआ है, जो 16.48 प्रतिशत उपलब्धि है। संग्रामपुर, चकिया, पीपराकोठी, रामगढ़वा, कोटवा, छौड़ादानों, चिरैया, ढाका एवं घोड़ासहन प्रखंडों का प्रदर्शन असंतोषजनक पाया गया। सभी कार्यक्रम पदाधिकारियों को एक सप्ताह के भीतर अपेक्षित प्रगति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
ई-केवाईसी व जियो टैगिंग शीघ्र पूरी करने के निर्देश
समीक्षा में बताया गया कि जिले के 4,46,783 सक्रिय मजदूरों में से 3,90,464 मजदूरों का ई-केवाईसी पूरा हो चुका है, जबकि 56,148 ई-केवाईसी लंबित हैं। सभी प्रखंडों को एक सप्ताह के भीतर शत-प्रतिशत ई-केवाईसी कराने का निर्देश दिया गया।
जियो टैगिंग के प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय चरण में कई मामले लंबित पाए गए। विशेष रूप से कल्याणपुर, पकड़ीदयाल, रामगढ़वा, बनकटवा, केसरिया, पहाड़पुर, घोड़ासहन एवं चिरैया में लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन करने का निर्देश दिया गया।
अपूर्ण योजनाएं, वृक्षारोपण व जल-जीवन-हरियाली पर भी जोर
समीक्षा में बताया गया कि मनरेगा के तहत 43,426 योजनाएं प्रारंभ की गई हैं, जिनमें से केवल 2,713 योजनाएं पूर्ण हुई हैं। सभी कार्यक्रम पदाधिकारियों को कार्ययोजना बनाकर 90 प्रतिशत अपूर्ण योजनाओं को जल्द पूरा कराने का निर्देश दिया गया।
वित्तीय वर्ष 2026-27 में वृक्षारोपण के लिए जिले को 9,50,400 पौधे लगाने का लक्ष्य मिला है, जबकि अब तक 20.79 प्रतिशत उपलब्धि ही प्राप्त हुई है। निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप शीघ्र कार्य प्रारंभ करने का निर्देश दिया गया।
इसके अलावा जल-जीवन-हरियाली योजना के लंबित मामलों की दो दिनों के भीतर JJH पोर्टल पर प्रविष्टि कर लक्ष्य प्राप्त करने का भी निर्देश दिया गया।
— ओम प्रकाश तिवारी
ब्यूरो चीफ, रफ्तार मीडिया | मोतिहारी