अभिषेक गुप्ता /मांडर:मांडर पुलिस ने अवैध हथियारों की खरीद-बिक्री करने वाले एक सक्रिय रैकेट का भंडाफोड़ करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर बुधवार को जेल भेज दिया। गिरफ्तार आरोपियों में करगे गांव निवासी 30 वर्षीय विशाल सिंह, कंदरी गांव निवासी 26 वर्षीय करण गोप तथा चान्हो थाना क्षेत्र के चोरेया गांव निवासी 29 वर्षीय अभिषेक शर्मा शामिल हैं।

मामले की जानकारी देते हुए पुलिस ने बताया कि वरीय पुलिस अधीक्षक रांची को गुप्त सूचना मिली थी कि काले रंग की स्कॉर्पियो वाहन से कुछ अपराधी हथियार लेकर खलारी से मैक्लुस्कीगंज की ओर जा रहे हैं। सूचना के सत्यापन के लिए पुलिस अधीक्षक ग्रामीण के निर्देशन में खलारी डीएसपी के नेतृत्व में एक छापामारी दल का गठन किया गया।

गठित टीम ने मैक्लुस्कीगंज थाना क्षेत्र के चिनाटांड के पास वाहन जांच अभियान चलाया। इसी दौरान रात करीब 1 बजे एक काली स्कॉर्पियो को रोककर तलाशी ली गई, जिसमें सवार दो लोगों—रुस्तम अंसारी उर्फ सोनू और मो. जैद अंसारी उर्फ अरमान—के पास से 7.65 एमएम की लोडेड पिस्टल और दो जिंदा कारतूस बरामद किए गए।

पूछताछ में दोनों ने बताया कि उन्हें हथियार मांडर थाना क्षेत्र के करगे गांव निवासी विशाल सिंह द्वारा उपलब्ध कराए जाते थे। इसके आधार पर पुलिस ने करगे गांव में छापेमारी कर विशाल सिंह के घर से अवैध हथियार और कारतूस बरामद किए।

आगे की पूछताछ में विशाल सिंह ने खुलासा किया कि हथियार की आपूर्ति चान्हो थाना क्षेत्र के चोरेया निवासी अभिषेक शर्मा करता है। इसके बाद पुलिस टीम ने हातमा जंगल में छापेमारी कर भागने की कोशिश कर रहे अभिषेक शर्मा और करण गोप को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान दोनों के पास से भी अवैध हथियार और कारतूस बरामद हुए।

पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों के पास से कुल तीन देशी पिस्टल, दस 7.65 एमएम की गोलियां, चार मैगजीन और दो टच स्क्रीन मोबाइल बरामद किए गए हैं। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे बिहार से हथियार लाकर इलाके में खरीद-बिक्री करते थे।

इस संबंध में मैक्लुस्कीगंज थाना में आर्म्स एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों के खिलाफ पहले भी चान्हो थाना में आर्म्स एक्ट के तहत मामले दर्ज हैं।

छापेमारी दल में खलारी डीएसपी राम नारायण चौधरी,मांडर थाना प्रभारी मनोज करमाली सहित खलारी और मैक्लुस्कीगंज थाना के कई पुलिस पदाधिकारी एवं सशस्त्र बल के जवान शामिल थे। पुलिस ने बताया कि आरोपियों से मिली अन्य गोपनीय सूचनाओं के आधार पर आगे की कार्रवाई जारी है।