हरियाणा के शिक्षा मंत्री  महीपाल ढांडा ने बताया कि राज्य सरकार ने पानीपत के डाहर गांव में राजकीय महिला महाविद्यालय में इसी शैक्षणिक सत्र 2026-27 से विधिवत रूप से कक्षाएं प्रारंभ करने का सैद्धांतिक निर्णय ले लिया है। इस कदम से क्षेत्र की ग्रामीण छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा और उन्हें उनके घर के पास ही गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध होगी।

शिक्षा मंत्री ने जानकारी देते हुए बताया कि मुख्यमंत्री की घोषणा को अमलीजामा पहना दिया गया है। व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए इस महाविद्यालय का अतिरिक्त प्रभार भी सौंप दिया गया है, ताकि शैक्षणिक और प्रशासनिक कार्यों में कोई बाधा न आए।

महीपाल ढांडा ने बताया कि शुरुआत में इस महाविद्यालय में छात्राओं के लिए कला और वाणिज्य संकायों की कुल 240 सीटें निर्धारित की गई हैं।

कला स्ट्रीम में 2 यूनिट के तहत कुल 160 सीटें होंगी। छात्राएं अंग्रेजी, हिंदी, राजनीति विज्ञान, इतिहास, भूगोल, अर्थशास्त्र, कंप्यूटर विज्ञान, शारीरिक शिक्षा और गणित जैसे महत्वपूर्ण विषयों की पढ़ाई कर सकेंगी।

वाणिज्य स्ट्रीम में 1 यूनिट के तहत कुल 80 सीटें भी स्वीकृत की गई हैं। मेक शिफ्टिंग भवन में 7 क्लास रूम और एक हॉल होगा, जिसमें कक्षाएं लगेंगी।

शिक्षा मंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार प्रदेश की बेटियों को शिक्षित और आत्मनिर्भर बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। डाहर कॉलेज के चालू होने से पानीपत और आसपास के ग्रामीण अंचल की बेटियों के उच्च शिक्षा के सपने साकार होंगे। विभाग को समय रहते दाखिला प्रक्रिया और बुनियादी ढांचा दुरुस्त करने के कड़े निर्देश दिए गए हैं।