दिनेश कुमार पांडेय /रफ्तार ब्यूरो /बोकारो
ग्रीष्मकालीन अवकाश के दौरान बच्चों की रचनात्मकता को नया आयाम देने, उनके भीतर छिपी बहुमुखी प्रतिभा निखारने और उन्हें आधुनिक जीवन कौशलों से समृद्ध करने के उद्देश्य से दिल्ली पब्लिक स्कूल (डीपीएस), बोकारो में आयोजित समर कैंप का शुक्रवार को योग प्रशिक्षण के साथ सफलतापूर्वक समापन हो गया। इस पूरे शिविर के दौरान सुनियोजित एवं चरणबद्ध तरीके से बच्चों को खेल, कला, संगीत से लेकर 21वीं सदी की अत्याधुनिक तकनीक के गुर सिखाए गए। इस बहुआयामी समर कैंप में विभिन्न आयु वर्ग के 300 से अधिक छात्र-छात्राओं ने पूरे उत्साह, उमंग और ऊर्जा के साथ भागीदारी की।
शिविर के दौरान जहां एक ओर बच्चों ने एथलेटिक्स और विभिन्न खेलकूद स्पर्धाओं में अपनी शारीरिक फिटनेस के लिए मैदान पर जमकर पसीने बहाए, वहीं दूसरी ओर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) और डिजाइन थिंकिंग जैसी उन्नत चीजें सीखकर अपने नवाचारी व तकनीकी कौशल का संवर्द्धन किया। खेलकूद के सत्र में विद्यालय के वरिष्ठ और अनुभवी क्रीड़ा शिक्षकों के कुशल मार्गदर्शन में बच्चों ने बास्केटबॉल, वॉलीबॉल, बैडमिंटन, टेबल टेनिस, शतरंज, जैवलीन थ्रो, हाई जंप, कराटे और जुम्बा का गहन व व्यावहारिक प्रशिक्षण प्राप्त किया, साथ ही तैराकी की बारीकियों और उसके विभिन्न कौशलों को भी बेहद चाव से सीखा। वहीं, कई बच्चों ने विद्यालय के समुन्नत अभिनव बिंद्रा एयर राइफल शूटिंग रेंज में निशानेबाजी के गुर सीखे। इसी प्रकार, कला और संगीत की शृंखला में बच्चों को शास्त्रीय नृत्य भरतनाट्यम की मुद्राएं सिखाई गईं, तो गायन सत्र के दौरान लोकगीतों एवं उनमें प्रयुक्त होने वाले विभिन्न रागों, उनके संदर्भ आदि की बारीकियां बताईं गईं। इसके अतिरिक्त, तबला-वादन में बच्चों ने विभिन्न तालों के बारे में सैद्धांतिक एवं व्यावहारिक ज्ञान अर्जित किया, जबकि आर्केस्ट्रा सत्र के दौरान विभिन्न वाद्ययंत्रों पर सुर, ताल और लय के आपसी सामंजस्य व अद्भुत समन्वयन का अनूठा पाठ सीखा। आधुनिक तकनीक के क्षेत्र में कदम बढ़ाते हुए विद्यार्थियों ने रोबोटिक्स, कोडिंग के विभिन्न महत्वपूर्ण पहलुओं और एआई तकनीक के साथ-साथ डिजाइन थिंकिंग इनोवेशन का सविस्तार प्रशिक्षण पाया। कैंप के अंतिम दिन आयोजित विशेष योगाभ्यास सत्र के दौरान बच्चों ने विभिन्न आसनों एवं प्राणायाम का अभ्यास किया तथा शारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य के लिए उनके लाभों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त कीं।
इस सफल आयोजन पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए विद्यालय के प्राचार्य डॉ. ए. एस. गंगवार ने इस प्रकार के ग्रीष्मकालीन शिविरों की महत्ता को आज के समय में बेहद अनिवार्य बताया। उन्होंने कहा कि छुट्टियां केवल आराम के लिए नहीं, बल्कि अपनी ऊर्जा को सकारात्मक दिशा देने और नई विधाएं सीखने का एक बेहतरीन अवसर होती हैं। समर कैंप बच्चों को किताबी दुनिया से बाहर निकालकर उनके भीतर छिपी अद्वितीय प्रतिभा को निखारने, उनका आत्मविश्वास बढ़ाने और उन्हें एक मंच प्रदान करने में अमूल्य योगदान देते हैं। प्राचार्य ने शिविर में बच्चों की सक्रिय एवं उत्साहपूर्ण भागीदारी की सराहना करते हुए कहा कि खेल, संगीत और आधुनिक तकनीक का यह अनूठा संगम विद्यार्थियों के मानसिक, शारीरिक और बौद्धिक विकास के लिए अत्यंत सहायक सिद्ध होगा। डीपीएस बोकारो विद्यार्थियों के इसी प्रकार के समग्र विकास और उनकी रचनात्मक मेधा को तराशने के लिए सदैव कटिबद्ध है, ताकि वे भविष्य की हर चुनौती का सामना करने के लिए पूरी तरह सक्षम बन सकें।