संवाददाता: राजन साहू
कानपुर। श्यामनगर में सोमवार को शिक्षक के घर हुई डकैती का खुलासा पुलिस ने 2 दिन में कर दिया। डकैती में शिक्षक का हिस्ट्रीशीटर साला ही शामिल निकला। उसने डेढ़ माह पहले ही साथियों के साथ मिलकर वारदात की योजना बनाई थी। मुठभेड़ में दो बदमाशों समेत कुल 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस दो अन्य की तलाश कर रही है। श्यामनगर सी ब्लॉक निवासी बल्ला टीटीआई शरद चंद्र त्रिपाठी के घर सोमवार सुबह तीन बदमाश घुसे थे। उन्होंने शरद की पत्नी रचना त्रिपाठी और बेटे दिव्यांश को गन प्वाइंट पर बंधक बना लिया। विरोध करने पर बदमाशों ने दिव्यांश पर चाकू से हमला कर घायल कर दिया। इसके बाद अलमारी और बक्से तोड़कर करीब 6 लाख के जेवर और 1.5 लाख नकद लूटकर फरार हो गए।
*सीटीवी से खुला राज*
घटना के बाद पुलिस ने 200 से अधिक कैमरों के फुटेज खंगाले। फुटेज स्थानीय लोगों को दिखाए जाने पर एक बदमाश की पहचान हुई। वह शिक्षक के भाई मयंक त्रिपाठी का चचेरा साला मंगला विहार निवासी प्रशांत शुक्ला उर्फ मोनू निकला।
पुलिस ने प्रशांत को गिरफ्तार कर पूछताछ की तो उसने पूरी साजिश बताई। उसने बताया कि डेढ़ माह पहले जेल में बंदी रफीक के साथ मिलकर उसने लूट की योजना बनाई थी।
*मुठभेड़ में 2 घायल, 2 तमंचे बरामद*
डीसीपी पूर्वी सत्यजीत गुप्ता के मुताबिक मंगलवार देर रात पुलिस ने आरोपी प्रशांत को श्यामनगर में निहार गांव जाने वाली रोड पर गोकुल मैदान के पास से पकड़ा। उसकी निशानदेही पर रात में सनिगवां के अलखनंदा के पास मुठभेड़ में दो अन्य बदमाश शफीक अहमद और कमल कुरील को गिरफ्तार किया गया। दोनों पर 25-25 हजार का इनाम था और इनके पास से दो तमंचे व कारतूस बरामद हुए। मुठभेड़ में दोनों के पैर में गोली लगी है।
पुलिस आयुक्त कानून व्यवस्था डॉ. विपिन ताडा ने बताया कि प्रशांत ने ही लूट की योजना बनाई थी। उसके खिलाफ हत्या के प्रयास, चोरी, गैंगस्टर समेत 14 मुकदमे दर्ज हैं। वह चकेरी थाने का हिस्ट्रीशीटर भी है। फरार रफीक और कमल की गिरफ्तारी के लिए पुलिस दबिश दे रही है।