रफ्तार ब्यूरो /बोकारो :आज ट्रेड यूनियन संयुक्त मोर्चा, बोकारो की बैठक आगामी 10 अगस्त की जेल भरो आंदोलन के समर्थन में सेक्टर 9 सीटू कार्यालय में आयोजित किया गया।
इस अवसर पर उपस्थित मोर्चा के नेताओं ने कहा कि चारों लेबर कोड श्रमिकों के अधिकारों और सामाजिक सुरक्षा पर हमला हैं, जबकि किसानों से किए गए एमएसपी की कानूनी गारंटी, संपूर्ण कर्ज़माफी और भूमि अधिकार संबंधी वादे अब तक पूरे नहीं किए गए हैं। बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, सरकारी रिक्त पदों को न भरना, पेपर लीक, मनरेगा को कमजोर करने के प्रयास, असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों की बदहाली तथा संविधान, लोकतांत्रिक अधिकारों और संघीय ढांचे पर बढ़ते हमले जनता की चिंताओं को और गहरा रहे हैं।
मोर्चा ने स्पष्ट किया कि 10 अगस्त का जेल भरो आंदोलन केवल गिरफ्तारी देने का कार्यक्रम नहीं, बल्कि संविधान, लोकतंत्र, राष्ट्रीय संप्रभुता, सामाजिक न्याय और मेहनतकश जनता के अधिकारों की रक्षा का व्यापक संयुक्त जनसंघर्ष है। 
आंदोलन के माध्यम से चारों लेबर कोड वापस लेने, बेलगाम निजीकरण पर रोक, पुरानी पेंशन योजना (OPS) बहाल करने, C2+50 प्रतिशत के आधार पर कानूनी एमएसपी, किसानों की संपूर्ण कर्ज़माफी, मनरेगा को मजबूत करने, ग्रामीण एवं शहरी रोजगार की कानूनी गारंटी, समान काम के लिए समान वेतन, सार्वभौमिक सामाजिक सुरक्षा तथा सार्वजनिक शिक्षा, स्वास्थ्य और खाद्य सुरक्षा को सुदृढ़ करने की मांग उठाई जाएगी।
मोर्चा ने बोकारो के सभी मजदूरों, किसानों, खेत मजदूरों, कर्मचारियों, स्कीम वर्करों, असंगठित श्रमिकों, युवाओं, छात्रों, महिलाओं, बुद्धिजीवियों तथा संविधान और लोकतंत्र में विश्वास रखने वाले सभी नागरिकों से 10 अगस्त के संयुक्त "जेल भरो आंदोलन" में बड़ी संख्या में भाग लेकर इसे ऐतिहासिक सफलता प्रदान करने का आह्वान किया है।
उस  दिन 11 बजे सभी हवाई अड्डे पर इकट्ठा होकर जूलूस निकालकर चास गरगा पुल में किसानों के साथ एक साथ जेल भरो आंदोलन में शामिल होंगे।
बैठक में एटक के महामंत्री रामाश्रय प्रसाद सिंह, सीटू के महामंत्री आर के गोरांई, इंटक के कार्यकारी अध्यक्ष बी एन उपाध्याय,एक्टू के महामंत्री देवदीप सिंह दिवाकर, एआईयुटीयुसी के महामंत्री मोहन चौधरी, बोकारो कर्मचारी पंचायत के महामंत्री आर के वर्मा ने विचार व्यक्त किए।
बैठक में जे एन सिंह,आर एन सिंह,देव कुमार, प्राण सिंह आदि मौजूद थे।
बैठक की अध्यक्षता सीटू अध्यक्ष बी डी प्रसाद ने किया।