ओम प्रकाश तिवारी
मोतिहारी, 6 अगस्त। पूर्वी चंपारण में स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) एवं लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान की प्रगति की समीक्षात्मक बैठक उप विकास आयुक्त डॉ. प्रदीप कुमार की अध्यक्षता में समाहरणालय स्थित डॉ. राधाकृष्णन सभागार में आयोजित की गई। बैठक में सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) एवं प्रखंड समन्वयकों के साथ मिशन के विभिन्न कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई।
समीक्षा के दौरान पाया गया कि जिले की 28 पंचायतों में भूमि विवाद एवं जमीन के अभाव के कारण वेस्ट प्रोसेसिंग यूनिट (WPU) का निर्माण कार्य अब तक शुरू नहीं हो सका है। उप विकास आयुक्त ने संबंधित अधिकारियों को विवाद का शीघ्र समाधान कर निर्माण कार्य शुरू कराने का निर्देश दिया। वहीं 18 पंचायतों में निर्माणाधीन WPU को 7 दिनों के भीतर पूरा करने का आदेश दिया गया।
बैठक में बताया गया कि जिन पंचायतों में WPU निर्माण के लिए पर्याप्त भूमि उपलब्ध नहीं है, वहां विभागीय निर्देशानुसार स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) से ₹2 लाख तथा 15वें वित्त आयोग/मनरेगा के अभिसरण से ₹50 हजार की राशि से मिनी WPU का निर्माण कराया जा सकता है। साथ ही निर्मित अपशिष्ट प्रसंस्करण इकाइयों को नियमित रूप से संचालित रखने के निर्देश दिए गए।
ई-रिक्शा एवं पेडल रिक्शा की समीक्षा में 35 ई-रिक्शा तकनीकी खराबी के कारण बंद पाए गए, जिन्हें शीघ्र मरम्मत कर चालू करने का निर्देश दिया गया। वहीं 262 वार्डों में पेडल रिक्शा खराब होने के कारण घर-घर कचरा संग्रहण प्रभावित पाया गया। सभी पेडल रिक्शों को एक सप्ताह के भीतर दुरुस्त करने का आदेश दिया गया।
सामुदायिक स्वच्छता परिसरों की समीक्षा में 34 परिसर अक्रियाशील मिले। इन्हें तत्काल चालू करने का निर्देश देते हुए उप विकास आयुक्त ने कहा कि यदि निरीक्षण के दौरान किसी स्वच्छता परिसर में भूसा या अन्य सामग्री रखी मिली तो संबंधित जिम्मेदार व्यक्तियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।
ग्राम पंचायतों को भेजी गई राशि के उपयोगिता प्रमाण पत्र (यूसी) की समीक्षा के दौरान जिन पंचायतों से प्रमाण पत्र लंबित हैं, उन्हें एक सप्ताह के भीतर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया। बैठक में यह भी जानकारी दी गई कि जिले की 242 ग्राम पंचायतों को स्वच्छता पर्यवेक्षकों एवं कर्मियों के जुलाई 2026 तक के मानदेय के लिए राशि उपलब्ध करा दी गई है।
शौचालय निर्माण एवं भुगतान की समीक्षा में जिन प्रखंडों में जियोटैगिंग, पेयी क्रिएशन एवं भुगतान की प्रक्रिया में शिथिलता पाई गई, वहां कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। साथ ही महादलित परिवारों में शौचालय निर्माण के लिए विभागीय निर्देशानुसार जीविका के DPM एवं BPM से समन्वय स्थापित कर लाभुकों को ऋण उपलब्ध कराने का भी निर्देश दिया गया।
बैठक में जिला ग्रामीण विकास अभिकरण (DRDA) के निदेशक, जिला समन्वयक तथा जिला सलाहकार (लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान) सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।