दिनेश कुमार रजक/रफ्तार मीडिया संवाददाता/ मिहिजाम
 

जामताड़ा जिला के ऊदलबनी पंचायत से स्वास्थ्य व्यवस्था की पोल खोलने वाली एक बेहद दर्दनाक घटना सामने आई है, जिसे लेकर अब सियासी और सामाजिक पारा गरमा गया है। इलाज में देरी के कारण दम तोड़ने वाले मोनू टुडू के घर पहुंचकर जन सेवा पार्टी के संयोजक राकेश लाल ने अपने प्रतिनिधिमंडल के साथ पीड़ित परिवार से मुलाकात की और ढांढस बंधाया। घटना के संबंध में मिली जानकारी के अनुसार, जब मोनू टुडू की स्थिति बेहद असहाय और नाजुक हो गई, तब परिजनों ने तुरंत सरकारी एम्बुलेंस के लिए 108 पर कई बार कॉल किया। आरोप है कि एम्बुलेंस कर्मियों ने कॉल तक उठाना मुनासिब नहीं समझा। थक-हारकर परिजन मोनू को ट्रैक्टर पर लादकर अस्पताल ले गए। लापरवाही की हद अस्पताल पहुंचने पर भी संवेदनशीलता की कमी दिखी। डॉक्टरों ने तड़पते मरीज को देखने के बजाय परिजनों को पहले पर्ची कटवाने का फरमान सुना दिया। इसी कागजी कार्रवाई और घोर लापरवाही के बीच मोनू टुडू ने अपनी आखिरी सांसें गिन लीं।

स्वास्थ्य मंत्री और जिला प्रशासन से मुआवजे की मांग

इस हृदयविदारक घटना को लेकर जन सेवा पार्टी के संयोजक राकेश लाल ने जिला प्रशासन और झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने मांग की है कि इस पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए। दोषी स्वास्थ्य कर्मियों और एम्बुलेंस ऑपरेटर पर सख्त कार्रवाई हो। पीड़ित और बेसहारा हो चुके परिवार को तत्काल उचित सरकारी मुआवजा दिया जाए।