राजु मंडल रफ्तार मीडिया सवाददाता गांडेय।

​गाण्डेय: सिद्दो कान्हू संथाल जुवा़न गांवता प्रखंड इकाई गाण्डेय के बैनर तले प्रखंड के केराडाबर गांव में एक दिवसीय सेमीनार का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों द्वारा संथाल हुल के नायक सिद्दो-कान्न्हू की तस्वीर पर माल्यार्पण कर की गई।
​सेमीनार को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि जब तक आदिवासी समाज शिक्षित नहीं होगा, तब तक संवैधानिक अधिकारों के बावजूद आदिवासियों का सर्वांगीण विकास संभव नहीं है। वक्ताओं ने उपस्थित युवाओं से आह्वान किया कि वे शिक्षा को अपना हथियार बनाएं, स्वरोजगार की ओर कदम बढ़ाएं और सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से जुड़कर उनका लाभ उठाएं।

कार्यक्रम में बतौर अतिथि शामिल हुए अंचल अधिकारी (सीओ ) ओम प्रकाश बड़ाईक ने समाज को नशा मुक्त बनाने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि नशा समाज को खोखला कर रहा है, इससे दूर रहकर ही युवा अपने भविष्य को उज्ज्वल बना सकते हैं।
कार्यक्रम की अध्यक्षता ओझाडीह बैसी के परगनेति प्रदीप मुर्मू ने की। मंच संचालन संतोष हांसदा ने किया। मोके पर टेकलाल मुर्मू, बिस्नु किस्कू, रामेश्वर टुडू, सोनू मरांडी, सोमोली हांसदा, सावित्री हांसदा, सुविता हेमब्रम, मरसोसो देवी, सरिता मरांडी और अनिल टुडू समेत सैकड़ों की संख्या में आदिवासी महिला-पुरुष उपस्थित थे।