रफ्तार मीडिया हजारीबाग सुमन सिन्हा 
हजारीबाग जिला के दारू प्रखंड के बक्शीडीह गांव की बेटी स्मृति सिन्हा ने चार्टर्ड अकाउंटेंसी (सीए) की अंतिम परीक्षा पहले ही प्रयास में उत्तीर्ण कर क्षेत्र का नाम रोशन किया है। उनकी इस उल्लेखनीय उपलब्धि से पूरे इलाके में खुशी की लहर है और परिजनों के साथ-साथ शुभचिंतक उन्हें लगातार बधाई दे रहे हैं।
स्मृति, प्रणव कुमार सिन्हा की पुत्री हैं। उनके पिता निजी कंपनी में कार्यरत हैं, जबकि माता गृहिणी हैं। साधारण पारिवारिक पृष्ठभूमि के बावजूद उन्होंने अपनी मेहनत और दृढ़ संकल्प के बल पर यह मुकाम हासिल किया। प्रारंभिक शिक्षा उन्होंने हजारीबाग के संत जेवियर्स स्कूल से प्राप्त की। 10वीं और 12वीं की पढ़ाई पूरी करने के बाद कोलकाता से बीकॉम किया और वहीं रहते हुए ऑनलाइन माध्यम से सीए की तैयारी शुरू की।
स्मृति ने पहले सीए फाउंडेशन, फिर इंटरमीडिएट के दोनों ग्रुप सफलतापूर्वक उत्तीर्ण किए। इसके बाद अंतिम परीक्षा में ग्रुप-1 और ग्रुप-2 एक साथ पास कर चार्टर्ड अकाउंटेंट बनने का सपना साकार किया। देशभर के लाखों अभ्यर्थियों के बीच पहले ही प्रयास में मिली यह सफलता उनकी लगन और अनुशासन का प्रमाण है।
अपनी उपलब्धि का श्रेय स्मृति ने माता-पिता के त्याग, मार्गदर्शन और निरंतर प्रोत्साहन को दिया।

स्मृति सिन्हा ने कहा, चार्टर्ड अकाउंटेंट बनना मेरा बचपन का सपना था। इस सफलता के लिए मैंने नियमित पढ़ाई, अनुशासन और आत्मविश्वास को अपनी सबसे बड़ी ताकत बनाया। पहले ही प्रयास में सफलता मिलना मेरे लिए बेहद खुशी और गर्व की बात है। इसका पूरा श्रेय मैं अपने माता-पिता, शिक्षकों और परिवार के सहयोग को देती हूं। मेरा संदेश है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो और पूरी लगन से मेहनत की जाए, तो कोई भी मंजिल मुश्किल नहीं होती
यदि लक्ष्य हो और पूरी ईमानदारी से मेहनत की जाए, तो हर कठिन मंजिल को भी हासिल किया जा सकता है। उनकी इस सफलता पर क्षेत्रवासियों, शिक्षकों और सामाजिक संगठनों ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी हैं।