दीनबंधु राउत / रफ्तार मीडिया संवाददाता करमाटांड़।


करमाटांड़ प्रखंड के मध्य विद्यालय झुमका देवी में गुरुवार को आधारभूत साक्षरता एवं संख्याज्ञान (एफएलएन) विषय पर संकुल स्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक का संचालन एफएलएन एसपीएमयू रूम टू रीड के जिला समन्वयक आशीष कुमार सिंह ने किया। इसमें मध्य विद्यालय झुमका देवी एवं मध्य विद्यालय कठबरारी संकुल के शिक्षकों ने भाग लिया। बैठक में विद्यालयों के उपलब्धि स्तर की समीक्षा करते हुए बच्चों के अधिगम परिणामों में अपेक्षित सुधार लाने की रणनीतियों पर विस्तार से चर्चा की गई। शिक्षकों को गतिविधि आधारित, बाल-केंद्रित एवं सहभागितापूर्ण शिक्षण पद्धति अपनाने पर विशेष बल दिया गया, ताकि विद्यार्थियों की सीखने की क्षमता में प्रभावी सुधार हो सके। इस दौरान कक्षा एक एवं दो की नई पाठ्यपुस्तकों के प्रभावी क्रियान्वयन पर भी विचार-विमर्श किया गया। साक्षरता शिक्षण को सरल, रोचक और परिणाममुखी बनाने के उद्देश्य से प्रदर्शन कक्षा का आयोजन किया गया, जिसमें बच्चों को पढ़ना-लिखना सिखाने की प्रभावी शिक्षण विधियों का व्यवहारिक प्रदर्शन किया गया। बैठक में कक्षाओं में समृद्ध शिक्षण वातावरण विकसित करने पर भी जोर दिया गया। शिक्षकों को अक्षर, शब्द, वाक्य, संख्याएं, चित्र एवं अन्य शिक्षण-अधिगम सामग्री का प्रभावी उपयोग कर बच्चों के लिए प्रेरक वातावरण तैयार करने के निर्देश दिए गए। जिला समन्वयक आशीष कुमार सिंह ने कहा कि यदि शिक्षक उपलब्ध संसाधनों का योजनाबद्ध ढंग से उपयोग करें और प्रत्येक बच्चे की सीखने की गति के अनुरूप शिक्षण कार्य करें, तो आधारभूत साक्षरता एवं संख्याज्ञान के निर्धारित लक्ष्य समयबद्ध रूप से प्राप्त किए जा सकते हैं। बैठक में शिक्षण-अधिगम सामग्री के नियमित एवं उद्देश्यपूर्ण उपयोग पर भी विस्तार से चर्चा की गई। मौके पर सी आर पी राजेश कुमार गुप्ता, शिक्षक रंजीत कुमार सिन्हा,  शिव शंकर मंडल, मोतीलाल पंडित, पंकज कुमार, विकास कुमार, राजन आसरे, शिक्षिका बाबोनी बास्की सहित दर्जनों शिक्षक शिक्षिका उपस्थित थे।