सरायकेला: सरायकेला खरसावां जिले के गम्हरिया निवासी एवं प्रख्यात कथक कलाकार तरित सरकार ने एक बार फिर अपनी उत्कृष्ट प्रस्तुति से शहर और क्षेत्र का नाम रोशन किया है। उन्होंने वाराणसी के ऐतिहासिक नमो घाट पर आयोजित प्रतिष्ठित सांस्कृतिक समारोह ‘काशी वंदन’ में अपनी मनमोहक एकल कथक प्रस्तुति से दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।उत्तर प्रदेश सरकार एवं गेल के सहयोग से आयोजित इस भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम में गुरु श्री संदीप बोस एवं श्री सौविक चक्रवर्ती के शिष्य तरित सरकार ने अपनी कला का अनुपम प्रदर्शन किया। गंगा तट की दिव्य और आध्यात्मिक छटा के बीच उन्होंने भगवान शिव को समर्पित शिव वंदना से कार्यक्रम की शुरुआत की, जिसने उपस्थित दर्शकों को भक्तिमय वातावरण में सराबोर कर दिया।इसके पश्चात तरित सरकार ने राग मालकौंस में निबद्ध सर्गम के माध्यम से तीनताल में कथक के तकनीकी पक्ष की प्रभावशाली प्रस्तुति दी। उनकी सधी हुई लयकारी, आकर्षक पद संचालन और मंच पर आत्मविश्वासपूर्ण उपस्थिति ने दर्शकों का भरपूर ध्यान आकर्षित किया।कार्यक्रम का समापन उन्होंने पद्म विभूषण पंडित बिरजू महाराज द्वारा रचित प्रसिद्ध ‘अधरम् मधुरम्’ कृष्ण पद-अभिनय से किया। राग भैरवी में प्रस्तुत इस भावपूर्ण रचना में तरित सरकार ने अपनी सशक्त अभिव्यक्ति और अभिनय कौशल के जरिए दर्शकों को भावविभोर कर दिया।तरित सरकार की प्रस्तुति को उपस्थित कला प्रेमियों और दर्शकों ने खूब सराहा। उनकी कला साधना, प्रभावशाली अभिनय और कथक की बारीकियों पर मजबूत पकड़ ने काशी की सांस्कृतिक संध्या को यादगार बना दिया। इस उपलब्धि से जमशेदपुर और गम्हरिया क्षेत्र के कला प्रेमियों में भी गर्व और उत्साह का माहौल है।