दीनबंधु राउत / रफ्तार मीडिया संवाददाता जामताड़ा :जामताड़ा उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी आलोक कुमार ने मंगलवार को अपने कार्यालय प्रकोष्ठ में आयोजित जनता दरबार में जिलेभर से पहुंचे आमजनों की समस्याओं और शिकायतों को गंभीरता से सुना।जनता दरबार में 40 से अधिक फरियादियों ने अपनी विभिन्न समस्याओं को उपायुक्त के समक्ष रखा। जनता दरबार में अंबेडकर आवास, गलत वंशावली, भू-अर्जन मुआवजा, आंगनबाड़ी सेविका-सहायिका चयन में अनियमितता, बिजली कनेक्शन, 11000 वोल्ट के पोल हटाने, सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा, जन्म प्रमाण पत्र, केसीसी ऋण माफी, मनरेगा भुगतान, फायर एनओसी और भूमि विवाद जैसे कई मामले पहुंचे। उपायुक्त ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को आवेदनों का त्वरित निष्पादन करते हुए एक सप्ताह के भीतर कार्रवाई रिपोर्ट देने का निर्देश दिया। वहीं कई मामलों का मौके पर ही समाधान भी किया गया। जनता दरबार के दौरान बिहार के भोजपुर जिले से पहुंचे एक पशुपालक ने मिहिजाम थाना द्वारा जब्त की गई 13 दुधारू गायों को छोड़ने की गुहार लगाई। फरियादी ने बताया कि चार महीने पहले पशु मेले से खरीदी गई गायों को पर्याप्त दस्तावेज नहीं होने के कारण पुलिस ने जब्त कर लिया था।वर्तमान में सभी पशु गौशाला में हैं, जहां कई गायें बीमार हो चुकी हैं और कुछ बछड़ों की मौत भी हो गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए उपायुक्त ने अनुमंडल पदाधिकारी से दूरभाष पर जानकारी लेते हुए नियमानुसार जल्द कार्रवाई करने का निर्देश दिया। इसी दौरान जन्म प्रमाण पत्र नहीं बनने से परेशान एक बच्ची ने भी उपायुक्त से सहायता की मांग की। उपायुक्त ने मामले को एसडीओ को अग्रसारित कर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। वहीं पति की सड़क दुर्घटना में मौत के बाद केसीसी ऋण माफी की गुहार लेकर पहुंची महिला की समस्या को गंभीरता से लेते हुए जिला कृषि पदाधिकारी और एलडीएम को आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया गया। उपायुक्त आलोक कुमार ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि आमजनों को कार्यालयों का चक्कर न लगाना पड़े।