दीपचंद्र दीक्षित, संवाददाता

फर्रुखाबाद।अंतर्राष्ट्रीय हिंदू परिषद एवं राष्ट्रीय बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने बुधवार को विदेश मंत्री, भारत सरकार को संबोधित एक ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारियों को सौंपा। ज्ञापन राष्ट्रीय बजरंग दल के विभाग अध्यक्ष अंगद पाण्डेय कोमल के नेतृत्व में दिया गया।

ज्ञापन में कहा गया कि विभिन्न मीडिया माध्यमों से जानकारी प्राप्त हुई है कि पड़ोसी देश बांग्लादेश में कुछ कट्टरपंथी तत्वों द्वारा वहां निर्मित हो रहे राम मंदिर के निर्माण कार्य का विरोध किया गया तथा सरकार पर उसे रुकवाने और ध्वस्त करने का दबाव बनाया गया। संगठन का कहना है कि ऐसी घटनाएं सनातन धर्म के अनुयायियों की धार्मिक भावनाओं को आहत करती हैं।

कार्यकर्ताओं ने कहा कि बांग्लादेश सहित किसी भी देश में सनातन धर्म के प्रतीक चिह्नों, आस्था केंद्रों, मंदिरों एवं पूजा स्थलों की सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए। उन्होंने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि हिंदू समाज इस प्रकार की घटनाओं से चिंतित और आहत है।

ज्ञापन के माध्यम से भारत सरकार से मांग की गई कि वह अपनी विदेश नीति और कूटनीतिक माध्यमों का उपयोग कर पड़ोसी देशों पर आवश्यक दबाव बनाए, ताकि वहां रहने वाले हिंदुओं के धार्मिक स्थलों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके और उनकी आस्था को किसी प्रकार की क्षति न पहुंचे।

इस अवसर पर दिनेश सिंह राजपूत (जिलाध्यक्ष, अंतर्राष्ट्रीय हिंदू परिषद), सतीश चंद्र दीक्षित (संयुक्त सचिव), एडवोकेट आयुष सक्सेना (जिलाध्यक्ष, एडवोकेट फोरम), राजीव पाल (जिला उपाध्यक्ष, राष्ट्रीय बजरंग दल), दिलीप बाल्मीकि (नगर महामंत्री), अनूप तिवारी एडवोकेट, गौरव मिश्रा एडवोकेट, वंश राजपूत, सत्यम वर्मा (जिला उपाध्यक्ष), आशुतोष बाजपेई एडवोकेट, सत्यम मिश्रा एडवोकेट, राजू शुक्ला एडवोकेट तथा अनुराग अवस्थी (जिलामंत्री, एडवोकेट फोरम) सहित दर्जनों पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।