आशीष कुमार मुखर्जी/ रफ्तार मीडिया

कुजू/रामगढ़। खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) संशोधन विधेयक, 2026 के विरोध में गुरुवार को कांग्रेस पार्टी के मांडू प्रखंड नेतृत्व की ओर से रामगढ़ जिले के कुजू में जोरदार विरोध मार्च निकाला गया। मांडू के पूर्व विधायक सह झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री जयप्रकाश भाई पटेल के निर्देशानुसार आयोजित इस विरोध मार्च में कांग्रेस के सैकड़ों कार्यकर्ता शामिल हुए। कार्यकर्ताओं ने पैदल मार्च करते हुए केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और खान एवं खनिज संशोधन विधेयक, 2026 को वापस लेने की मांग की।
विरोध मार्च में मुख्य अतिथि के रूप में झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री जयप्रकाश भाई पटेल मौजूद रहे। उनके साथ वरिष्ठ कांग्रेस नेता कुमार महेश सिंह, प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष शहजादा अनवर, रामगढ़ नगर परिषद अध्यक्ष सह कांग्रेस नेत्री कुसुमलता देवी, प्रदेश महासचिव धर्मराज राम सहित पार्टी के कई वरिष्ठ नेता एवं बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए।
*कुजू शिव मंदिर से शुरू हुआ मार्च*
कांग्रेस कार्यकर्ताओं का विरोध मार्च कुजू शिव मंदिर के समीप से प्रारंभ हुआ। यहां से कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए कुजू चौक पहुंचे और इसके बाद कुजू ट्रांसपोर्ट नगर तक पैदल मार्च किया। ट्रांसपोर्ट नगर से वापस लौटने के बाद मार्च कुजू चौक पहुंचकर सभा में तब्दील हो गया। पूरे कार्यक्रम के दौरान कार्यकर्ताओं में केंद्र सरकार के खिलाफ आक्रोश नजर आया।
कार्यकर्ताओं ने हाथों में पार्टी के झंडे लेकर केंद्र सरकार से खान एवं खनिज संशोधन विधेयक को वापस लेने की मांग की। इस दौरान केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की गई।
खनिज राजस्व को लेकर कांग्रेस ने जताई चिंता
सभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस नेताओं ने कहा कि झारखंड खनिज संपदा से समृद्ध राज्य है। राज्य की अर्थव्यवस्था और विकास में खनिज संपदा से मिलने वाली रॉयल्टी, सेस एवं अन्य राजस्व की महत्वपूर्ण भूमिका है। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि खनिज संपदा से मिलने वाले सेस और राजस्व पर राज्य के अधिकार को कमजोर करने का प्रयास झारखंड के हित में नहीं है।
वक्ताओं ने कहा कि यदि राज्य को खनिज संपदा से मिलने वाला उसका उचित राजस्व नहीं मिला तो इसका सीधा असर विकास योजनाओं और जनकल्याणकारी कार्यक्रमों पर पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा संचालित मंईयां सम्मान योजना, अबुआ आवास योजना सहित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के लिए पर्याप्त संसाधनों की आवश्यकता होती है। ऐसे में राज्य के राजस्व स्रोतों को प्रभावित करना झारखंड के विकास के लिए नुकसानदायक साबित हो सकता है।
जरूरत पड़ी तो आर्थिक नाकेबंदी की चेतावनी
कांग्रेस नेताओं ने केंद्र सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि झारखंड के खनिज संसाधनों पर राज्य का अधिकार और उसके हिस्से का राजस्व सुनिश्चित होना चाहिए। नेताओं ने कहा कि यदि झारखंड को उसका हक नहीं मिला तो कांग्रेस पार्टी आंदोलन को और व्यापक रूप देगी।
वक्ताओं ने कहा कि जरूरत पड़ी तो आर्थिक नाकेबंदी जैसे कदम उठाने से भी पीछे नहीं हटेंगे। उन्होंने चेतावनी दी कि झारखंड से एक छटाक भी खनिज संपदा बाहर नहीं जाने दी जाएगी। कांग्रेस नेताओं ने केंद्र सरकार से तत्काल खान एवं खनिज संशोधन विधेयक, 2026 को वापस लेने की मांग की।
*राजीव गांधी की जयंती पर दी श्रद्धांजलि*
विरोध मार्च और सभा के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय राजीव गांधी की जयंती भी मनाई। कार्यकर्ताओं एवं नेताओं ने राजीव गांधी की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके योगदान को याद किया।
*बड़ी संख्या में नेता और कार्यकर्ता रहे मौजूद*
कार्यक्रम में पूर्व विधायक सह पूर्व मंत्री जयप्रकाश भाई पटेल, प्रदेश महासचिव नेता कुमार महेश सिंह, प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष शहजादा अनवर, नगर परिषद अध्यक्ष सह कांग्रेस नेत्री कुसुमलता देवी, प्रदेश महासचिव धर्मराज राम, वरिष्ठ कांग्रेसी सीपी संतन, प्रखंड अध्यक्ष परमेश्वर महतो उर्फ सागर महतो, मांडू प्रखंड प्रभारी जाकिर, चुरचू प्रखंड अध्यक्ष नौशाद आलम, रामगढ़ जिला उपाध्यक्ष बसंत कुमार महतो, देवकी महतो, भारत महतो, जय नाथ महतो, संदीप कुशवाह, विनोद बिहारी, अभिजीत कुमार, चोलेश्वर महतो, शिव शंकर गंझू, जसीम खान, रोहन महतो, देवेंद्र शर्मा, मिथिलेश मेहता, ललित राम, प्रभात कुमार, संतोष सिंह, प्रदीप शर्मा, मांपुराण सोनी, बालेश्वर महतो, चेतन ठाकुर, जिवलाल महतो, सेवालाल महतो, बीरबल महतो, इजहार अंसारी, सफदर अंसारी, नवल ठाकुर, हरि महतो, जग महतो, टिंकू खान, आजाद सिंह, हिंदू मुंडा, जावेद खान, आरिफ मिर्जा, आरिफ अंसारी, अभिजीत सिंह, जिला महासचिव सुधीर कुमार सिंह, महासचिव भारत महतो, सचिव विनोद बिहारी महतो, सचिव मिथिलेश मेहता, मांडू प्रखंड उपाध्यक्ष कंचन देवी, रजक आलम, हदीस, महताब आलम, मजीद सहित सैकड़ों कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित थे।
कांग्रेस नेताओं ने कहा कि झारखंड के खनिज और प्राकृतिक संसाधनों पर राज्य की जनता का अधिकार है और राज्य के हितों की रक्षा के लिए पार्टी आगे भी संघर्ष जारी रखेगी।