रांची/हजारीबाग: एनएमएल (NML) चट्टी बरियातु कोयला खनन परियोजना (Chatti Bariatu Coal Mining Project) ने अपनी परिचालन यात्रा में एक और ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज करते हुए 15 जुलाई 2026 को सफलतापूर्वक 2,500वां कोयला रेक (Coal Rake) डिस्पैच किया। यह उपलब्धि परियोजना की बेहतर परिचालन क्षमता, कुशल कोयला आपूर्ति और देश की ऊर्जा सुरक्षा (Energy Security) को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

परियोजना का 2,500वां रेक बछरा साइडिंग (Bachra Siding) से रवाना किया गया। अब तक कटकामसांडी साइडिंग (Katkamsandi Siding) से 1,802 रेक और बछरा साइडिंग से 698 रेक सफलतापूर्वक भेजे जा चुके हैं। इस तरह कुल 2,500 कोयला रेक डिस्पैच का ऐतिहासिक आंकड़ा पूरा हुआ।

परियोजना की स्थापना से अब तक 151.2 लाख मीट्रिक टन (LMT) कोयले की आपूर्ति देश के विभिन्न थर्मल पावर प्लांट्स (Thermal Power Plants) तक की जा चुकी है, जिससे बिजली उत्पादन के लिए लगातार कोयला उपलब्ध कराया गया।

यह उपलब्धि इसलिए भी खास है क्योंकि परियोजना ने मार्च 2026 में 2,000 रेक का आंकड़ा पार किया था। इसके बाद मानसून (Monsoon), खराब मौसम, लॉजिस्टिक्स (Logistics) संबंधी चुनौतियों और अन्य परिचालन बाधाओं के बावजूद महज कुछ महीनों में अतिरिक्त 500 रेक का सफल डिस्पैच कर नया कीर्तिमान स्थापित किया गया।

परियोजना प्रबंधन ने इस सफलता का श्रेय कर्मचारियों, भारतीय रेल (Indian Railways), संविदाकारों, व्यावसायिक साझेदारों और सभी हितधारकों के सामूहिक प्रयासों को दिया। सभी ने बेहतर समन्वय के साथ सुरक्षा, गुणवत्ता और परिचालन दक्षता बनाए रखते हुए निर्बाध कोयला परिवहन सुनिश्चित किया।

परियोजना प्रबंधन का कहना है कि 2,500 रेक डिस्पैच केवल एक आंकड़ा नहीं, बल्कि टीम की मेहनत, मजबूत योजना और उत्कृष्ट कार्यप्रणाली का प्रमाण है। आने वाले समय में परियोजना उत्पादन क्षमता और परिचालन दक्षता को और बढ़ाते हुए देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में अपनी भूमिका और मजबूत करेगी।