रोहित कुमार/बिजनौर
बिजनौर में सोमवार को अखिल भारतीय प्रधान संगठन के बैनर तले सैकड़ों ग्राम प्रधानों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया। उन्होंने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर जिलाधिकारी जसजीत कौर को एक ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में प्रधानों ने बताया कि बिजनौर की समस्त ग्राम पंचायतों की अनेक समस्याएं हैं, जिनसे वे समय-समय पर अधिकारियों को अवगत कराते रहे हैं। इन समस्याओं का समाधान न होने के कारण सभी ग्राम प्रधान अपने पद से त्याग पत्र देने को विवश हैं। उन्होंने समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की।
प्रधानों की प्रमुख मांगों में गरीब परिवारों के लिए आवश्यक राशन कार्ड जारी करना, सभी पात्र गरीबों के मनरेगा जॉब कार्ड बनवाना ताकि उन्हें काम मिल सके, और बिना भ्रष्टाचार के आवास योजना का लाभसुनिश्चित करना शामिल है। इसके अतिरिक्त, वृद्धा पेंशन, विधवा पेंशन और दिव्यांग पेंशन सभी पात्रों को एक साथ समय पर जारी करने की मांग भी की गई।
उन्होंने राशन डीलरों को अधिकारियों के कहने पर मनमानी करने से रोकने और गरीबों को शासनादेश के अनुसार पूरा राशन वितरित करने की मांग की। भ्रष्ट डीलरों को निष्कासित करने की बात भी कही गई। प्रधानों ने यह भी मांग की कि प्रत्येक ग्राम पंचायत में कच्चे कार्य के अनुसार पक्के काम 60/40 के अनुपात में दिए जाएं। जिले में कई ग्राम प्रधानों पर बिना जांच के दर्ज हुए मुकदमों और राजनीतिक दबाव में उन्हें जेल भेजने जैसे शोषण को रोकने की भी मांग की गई।
मिड डे मील के राशन को लेकर विद्यालय और प्रधान के बीच की व्यवस्था को खत्म करने और अध्यापकों को केवल पढ़ाई कराने पर ध्यान केंद्रित करने की मांग की गई। गांव की उचित साफ-सफाई के लिए सफाई कर्मियों की संख्या बढ़ाने और त्योहारों पर छुट्टी रद्द कर अन्य दिनों में छुट्टी का प्रावधान करने की बात भी कही गई। अंत में, ग्राम पंचायतों का कूड़ा डालने के लिए उचित स्थान की व्यवस्था करने, ग्राम पंचायतों की विकास कार्य निधि को बढ़ाया जाए एवं 30% काटी गई निधि वापस करने और समय पर वितरण की मांग भी की गई।