सौरभ राय/ रफ्तार मीडिया
रांची: झारखंड सशस्त्र पुलिस बल के जवानों में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने और शारीरिक दक्षता के साथ अनुशासन एवं नेतृत्व क्षमता का विकास करने के उद्देश्य से आयोजित 22वीं झारखंड सशस्त्र पुलिस खेल प्रतियोगिता का सोमवार को राजधानी रांची के होटवार स्थित हरिवंश टाना भगत इंडोर स्टेडियम में भव्य शुभारंभ हुआ। उद्घाटन समारोह अनुशासन, उत्साह और खेल भावना से ओत-प्रोत रहा। झारखंड सशस्त्र पुलिस की विभिन्न वाहिनियों से पहुंचे जवानों ने आकर्षक मार्च पास्ट कर अपनी एकजुटता, अनुशासन और पेशेवर दक्षता का शानदार प्रदर्शन किया।
मुख्य अतिथि जैप के डीआईजी कार्तिक एस. द्वारा खेल कूद प्रतियोगिता का उद्घाटन किया गया
खेल कूद प्रतियोगिता की शुरुआत मुख्य अतिथि जैप के डीआईजी कार्तिक एस. को सलामी देकर हुई। इसके बाद विभिन्न वाहिनियों के खिलाड़ियों एवं जवानों ने बैंड की धुन पर शानदार मार्च पास्ट किया। मार्च पास्ट के दौरान जवानों की सटीक चाल, अनुशासन और समन्वय ने उपस्थित अधिकारियों, अतिथियों और दर्शकों का मन मोह लिया। पूरे स्टेडियम में देशभक्ति और गर्व का माहौल देखने को मिला।
खेल किसी भी पुलिस बल के शारीरिक और मानसिक रूप से सशक्त बनने प्रभावी साधन- सरोजिनी लकड़ा
मार्च पास्ट के बाद जैप 2की समादेष्टा डॉ. सरोजनी लकड़ा, आईपीएस ने स्वागत भाषण देते हुए सभी अतिथियों, अधिकारियों, खिलाड़ियों, तकनीकी अधिकारियों एवं निर्णायकों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि खेल किसी भी पुलिस बल के लिए केवल प्रतियोगिता का माध्यम नहीं, बल्कि शारीरिक और मानसिक रूप से सशक्त बनने का सबसे प्रभावी साधन हैं। खेलों से अनुशासन, आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और टीम भावना का विकास होता है, जो पुलिस सेवा के दौरान बेहतर कार्य निष्पादन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने सभी खिलाड़ियों से स्वस्थ प्रतिस्पर्धा और खेल भावना के साथ भाग लेने की अपील की।
पुलिस बल की सबसे बड़ी ताकत उसका अनुशासन और फिटनेस है- जैप डीआईजी कार्तिक एस
मुख्य अतिथि जैप के डीआईजी कार्तिक एस. ने अपने संबोधन में कहा कि पुलिस बल की सबसे बड़ी ताकत उसका अनुशासन और फिटनेस है। खेल प्रतियोगिताएं जवानों को शारीरिक रूप से मजबूत बनाने के साथ ही साथ मानसिक रूप से भी अधिक सक्षम बनाती हैं। उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता का उद्देश्य केवल पदक जीतना नहीं, बल्कि आपसी समन्वय, टीम वर्क और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना को विकसित करना है। उन्होंने सभी खिलाड़ियों को उत्कृष्ट प्रदर्शन और निष्पक्ष खेल भावना के साथ प्रतियोगिता में भाग लेने की शुभकामनाएं दीं तथा 22वीं झारखंड सशस्त्र पुलिस खेल प्रतियोगिता के विधिवत उद्घाटन की घोषणा की।
प्रतियोगिता में झारखंड सशस्त्र पुलिस की विभिन्न वाहिनियों के 1600 से अधिक खिलाड़ियों ने भाग लिया
इस वर्ष आयोजित प्रतियोगिता में कुल 28 खेल विधाओं को शामिल किया गया है। प्रतियोगिता में झारखंड सशस्त्र पुलिस की विभिन्न वाहिनियों के 1600 से अधिक खिलाड़ी भाग ले रहे हैं, जो अगले कई दिनों तक विभिन्न खेलों में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे। प्रतियोगिता के सफल एवं निष्पक्ष संचालन के लिए 165 से अधिक तकनीकी अधिकारियों और निर्णायकों की प्रतिनियुक्ति की गई है।
इनकी रही उपस्थिति
उद्घाटन समारोह में जैप-4 बोकारो के समादेष्टा ऋषभ झा, आईपीएस, एसआईआरबी खूंटी की समादेष्टा एमेल्डा एक्का, आईपीएस, जैप-6 के समादेष्टा राजेश कुमार, आईपीएस, आईआरबी-1 के समादेष्टा दीपक कुमार, आईपीएस सहित झारखंड सशस्त्र पुलिस की विभिन्न वाहिनियों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। इसके अलावा 21 पुलिस उपाधीक्षक विभिन्न टीमों के मैनेजर के रूप में समारोह में शामिल हुए।