दिनेश कुमार रजक/रफ्तार मीडिया संवाददाता/मिहिजाम
विश्व युवा कौशल दिवस के अवसर पर बुधवार को पी. बनर्जी रोड स्थित एफवीटीआरएस प्रशिक्षण केंद्र में प्रेरक एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को आधुनिक डिजिटल कौशल से जोड़कर बदलते रोजगार परिदृश्य के लिए तैयार करना था। इस वर्ष का वैश्विक विषय साझा भविष्य के लिए डिजिटल कौशल रखा गया। इसी के अनुरूप प्रशिक्षुओं को तकनीक आधारित शिक्षा और आत्मनिर्भरता का संदेश दिया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ एफवीटीआरएस के निदेशक फेलिक्स डिसूज़ा ने ऑनलाइन माध्यम से किया। उन्होंने कहा कि आज डिजिटल दक्षता सिर्फ नौकरी का साधन नहीं, बल्कि नवाचार, उद्यमिता और सामाजिक विकास की नींव है। युवाओं को नई तकनीकों को अपनाकर खुद को निरंतर अपडेट करना होगा। मिहिजाम और रूपनारायणपुर केंद्रों में हुए इस कार्यक्रम में 150 से अधिक प्रशिक्षुओं ने भाग लिया। सत्र में डिजिटल शिक्षा, तकनीकी दक्षता, ऑनलाइन रोजगार के अवसर और कौशल विकास की उपयोगिता पर विस्तार से चर्चा हुई। कार्यक्रम को सफल बनाने में तरुण दत्ता, एस. एस. हाजरा, रीतु देवी, चिरंजीत रक्षित, सुनीता सिल, मिलन विशाल सहित अन्य सदस्यों का सहयोग रहा। अंत में सभी प्रशिक्षुओं ने डिजिटल कौशल सीखकर आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में योगदान देने का संकल्प लिया।